ग्राम पाटाखेड़ा सेक्टर के ग्रामों में में जगह-जगह मनाया गया वर्ल्ड हार्ट डे

ग्राम पाटाखेड़ा सेक्टर के  ग्रामों में में जगह-जगह मनाया गया वर्ल्ड हार्ट डे
ग्राम पाटाखेड़ा सेक्टर के  ग्रामों में में जगह-जगह मनाया गया वर्ल्ड हार्ट डे
ग्राम पाटाखेड़ा सेक्टर के  ग्रामों में में जगह-जगह मनाया गया वर्ल्ड हार्ट डे
ग्राम पाटाखेड़ा सेक्टर के  ग्रामों में में जगह-जगह मनाया गया वर्ल्ड हार्ट डे
चिचोली : (पाटाखेड़ा )ग्राम पाटाखेड़ा सेक्टर के ग्रामों में में जगह-जगह मनाया गया वर्ल्ड हार्ट डे,,, World heart ♥ day विश्व हृदय दिवस हेल्दी हार्ट का महत्व बताते हुए सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी अंकिता वरवड़े ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में कॉर्डियो वस्‍कुलर डिजीज यानी हृदय रोग से और भारत में मृत्यु दर का एक प्रमुख कारण। 19 फीसदी सालाना मौत भारत में हृदयरोग से जुड़ी। WHO के अनुसार दुनिया में 1.71 करोड़ लोगों की हो रही मौत।, जबकि भारत में यह 155.7 से बढ़कर 209.19% हो गई, जो एक ही अवधि में प्रति एक लाख जनसंख्या पर मौतों का अनुमान है। जर्नल में एल्सेवियर द्वारा प्रकाशित एक नया अंतरराष्ट्रीय अध्ययन ... भारतीयों में आनुवंशिक संरचना के कारण हृदय रोग का खतरा अधिक है। इसके मुख्य कारणों में से एक लगातार जीवनशैली में होते रहने वाला बदलाव है जिससे कई भारतीय गुजरते हैं। इन बदलावों में शारीरिक गतिविधियों का न होना, खराब आहार व्यवस्था, चीनी और नमक अधिक खाना और ट्रांस फैट का उच्च मात्रा में सेवन करना शामिल है। वर्ल्ड हार्ट डे पर इस बार की थीम माई हार्ट, युअर हार्ट (MY Heart, Your Heart) पर रखी गई है इसे मनाने का उद्देश्य लोगों को दिल से जुड़ी बीमारियों, असर और उनके बचाव से संबंधी जानकारी के बारे में जागरुकता फैलाना होता है। इस थीम को मुताबिक, अपने दिल के साथ अन्य के दिल का ख्याल रखते हुए एक हेल्दी लाइफस्टाइल को अपनाएं। भारत में हर पांचवा व्यक्ति दिल का मरीज है. हार्ट की बीमारियों में हार्ट अटैक सबसे बड़ी बीमारियों में मानी जाती है. ऐसे आमतैर पर हमारे खानपान के कारण भी हो सकता है. हमारे शरीर में हार्ट से ही ब्लड सर्कुलेशन होता है. शरीर के हर हिस्सें में शुद्ध ब्लड पहुंचानें का काम करता है. हार्ट की बीमारियों को रोकने के लिए कोलेस्ट्रॉल लेवल को भी कम करना जरूरी है हर व्यक्ति/रोगी को आहार, व्यायाम और सात्विक जीवन का मूल मंत्र देता है एक बार अटैक आने के बाद 60 फीसदी तक दिल की क्षमताप्रभावित हो जाती है , हेल्दी हार्ट के लिए आज ही खुद खुद से संकल्प ले और कुछ वादे करें . अपने जीवन में निम्न बातें जरूर अपनाएं, -थोड़ा समय व्यायाम के लिए निकालें, प्रतिदिन कम से कम आधे घंटे व्यायाम करना है heart के लिए अच्छा होता है तनाव मुक्त व प्रसन्नचित्त रहें और योग, ध्यान तथा प्राणायाम करें इससे आपका मानसिक तनाव कम होता है। - समय की कमी है तो आप टहल सकते हैं। वजन पर नियंत्रण रखें बढ़ते हुए कोलेस्ट्रॉल पर ध्यान दें - सेहत के अनुरूप आहार लें कम खाएं और एक समय में 80 ग्राम/80ml केलोरिक भोजन से अधिक न लें। भोजन के साथ अदरक, लौंग, लहसुन, सोंठ, काली मिर्च, पीपल, लौंग, तेजपत्ता, सेंधा नमक का उपयोग करें। - नमक कम मात्रा में सेवन करें - कम वसा वाले आहार लें। - ताजी सब्जियां और फल लें। - समय पर नाश्ता और समय पर लंच करें, समय पर डिनर करें, - बीड़ी तंबाकू इत्यादि से दूर रहे से दूर रहें। मादक पदार्थों शराब इत्यादि के सेवन से बचें! मांस, मदिरा, धूम्रपान, अत्यधिक चाय, कॉफी, फास्ट फूड, जंकफूड, डिब्बाबंद भोजन, खोया, मलाई, मक्खन तथा अंडे की जर्दी, नारियल के तेल, आइसक्रीम आदि के प्रयोग से बचें। अधपचे भोजन से आमाशय में सड़न पैदा होती है, जिससे शरीर में विषाक्त पदार्थ की मात्रा बढ़ती है।चावल, दही, कढ़ी, गोभी, मटर, मूली, उड़द की दाल आदि जैसे शरीर में कफ बढ़ाने वाले खाद्य पदार्थों से परहेज करें। मलेरिया अधिकारी पंकज डोंगरे जी द्वारा बताया गया की - घंटों तक एक ही स्थिति में बैठना हृदय के लिए हानिकारक हो सकता है इसलिए बीच-बीच में थोड़ा ब्रेक लेकर ,प्रतिदिन पैदल भी चलें। इस तरह आप अच्छि जीवनशैली अपनाकर अपने हृदय को हृदय रोगों से बचा सकते हैं। तथा अन्य स्वास्थ संबंधी जानकारी प्रदान की गई। आशा कार्यकर्ता काशी नागले द्वारा रोगों के लक्षणों के बारे में संपूर्ण चर्चा की गई और बताया गया कि यदि किसी भी प्रकार के लक्षण दिखाई दें तो तुरंत में क्या करना आशा कार्यकर्ता संत्री के द्वारा उपस्थित अतिथियों का स्वागत सत्कार किया गया,! कार्यक्रम में ग्राम के सरपंच, उप सरपंच, सचिव तथा Anm झनकी कुमरे, ASHA मनोता ,AWW मंगली तथा अन्य ग्रामीण उपस्थित रहे ।