आयुर्वेद एवं पंचकर्म चिकित्सा पद्धति से सैकड़ो मरीजो को स्वास्थय लाभ

आयुर्वेद एवं पंचकर्म चिकित्सा पद्धति से सैकड़ो मरीजो को  स्वास्थय लाभ
आयुर्वेद एवं पंचकर्म चिकित्सा पद्धति से सैकड़ो मरीजो को  स्वास्थय लाभ
आयुर्वेद एवं पंचकर्म चिकित्सा पद्धति से सैकड़ो मरीजो को  स्वास्थय लाभ
आयुर्वेद एवं पंचकर्म चिकित्सा पद्धति से सैकड़ो मरीजो को  स्वास्थय लाभ
आयुर्वेद एवं पंचकर्म चिकित्सा पद्धति से सैकड़ो मरीजो को  स्वास्थय लाभ
आयुर्वेद एवं पंचकर्म चिकित्सा पद्धति से सैकड़ो मरीजो को  स्वास्थय लाभ
आयुर्वेद एवं पंचकर्म चिकित्सा पद्धति से सैकड़ो मरीजो को  स्वास्थय लाभ

आयुर्वेद एवं पंचकर्म चिकित्सा पद्धति मिल रहा सैकड़ो मरीजो को स्वास्थय लाभ।

बैतुल

जिला चिकित्सालय में आयुर्वेदीक पंचकर्म पद्धति से मरीजो की तादाद दिनोदिन बढ़ रही है आयुर्वेदिक दवाओं और पंचकर्म के लिए अब मरीजो की संख्या बढ़ रही है, आयुर्वेद चिकित्सक डॉ सरिता डेहरिया ने बताया रोगियों की संख्या बढ़ती जा रही है। आयुर्वेद दवाओं से ईलाज करवाने पर किसी प्रकार का साइडइफेक्ट नही होता। जिला आयुष अधिकारी डॉ ए. एम. बर्डे एवं नोडल अधिकारी डॉ योगेश चौकिकरके निर्देशन में चतुर्थ राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस एवम धन्वंतरि जयंती के उपलक्ष्य पर निःशुल्क विशाल शिविर आयोजित किया जा रहा है जो 25 अक्टूबर शुक्रवार को रखा गया है जो शासकीय जिला आयुर्वेद चिकित्सालय टिकारी, बैतूल में किया जा रहा है । डॉ अजय मांडवे एवम डॉ नरेंद्र डडोरे ने बताया कि इस पंचकर्म शिविर में पूर्वकर्म,-स्नेहन एवं स्वेदन कर्म। प्रधान कर्म- वमन , विरेचन , वस्ति , नस्य, रक्तमोक्षण, शिरोवस्ती, ग्रीवावस्ती, ह्र्दयवस्ती, जानुवस्ति, कर्णपुरण, नेत्रतर्पण , शिरोधारा, अग्निकर्म ,क्षारसूत्र, जलोकावचरण, मात्रावस्ती जैसी पद्धति द्वारा इलाज किया जाएगा। आयुष स्पेशलाइज्ड थैरेपी सेंटर बैतूल मे आयुर्वेदिक चिकित्सा में डॉ.सरिता डहेरिया, डॉ.मनक धुर्वे, डॉ.अजय मांडवे एवं स्टॉफ श्री प्रदीप भारद्वाज , संतोष कोसे , गजानंद धुर्वे , द्वारा पंचकर्म पद्धति से रोजाना सैकड़ो मरीजो का उपचार किया जा रहा है और हजारों लोग लाभान्वित हुए है।