भाजपा मंडल अध्यक्ष की दौड़ में विजय और गोवर्धन सबसे आगे

भाजपा मंडल अध्यक्ष की दौड़ में विजय और गोवर्धन सबसे आगे
भाजपा मंडल अध्यक्ष की दौड़ में विजय और गोवर्धन सबसे आगे

भाजपा मंडल अध्यक्ष की दौड़ में विजय और गोवर्धन सबसे आगे

आठनेर (प्रकाश खातरकर)

भारतीय जनता पार्टी के मंडल अध्यक्षों के होने वाले चुनाव को लेकर नगर मंडल आठनेर में दावेदारों की लंबी कतार लगती नजर आ रही है जिसमें पार्टी के निर्देशानुसार युवाओं को एक तरफ पार्टी मौका देना चाहती है तो वहीं वरिष्ठ भाजपा कार्यकर्ताओं ने इस निर्णय को लेकर नाराजगी भी देखी जा रही है। मंडल अध्यक्षों के चुनाव संबंधी महत्वपूर्ण बैठक आगामी 15 नवम्बर को नगर में संपन्न होने जा रही है। जिसको लेकर दावेदारिया और दावेदारों की लिस्ट बढ़ती जा रही है हो सकता है कि पार्टी 15 नवम्बर को ही पार्टी के मंडल अध्यक्ष की घोषणा कर दे ।प्रदेश नेतृत्व में भारतीय जनता पार्टी की कमान युवा मंडल अध्यक्ष के रूप में सौंपने का निर्णय लिया जा चुका है युवाओं में उत्साह दावेदारी को लेकर जिले के नेताओं के पास सपने में दावेदारिया करने और हाजिरी दी जा रही है संगठन पार्टी को मजबूत करने में युवाओं की सक्रियता को ध्यान में रखते हुए उन्हें मौका देना चाह रही है वही वरिष्ठ भाजपा नेता भी जिला एवं प्रदेश के नेताओं के पास अपनी दावेदारी पेश करें। तो वही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अनुषांगिक संगठन भाजपा से जुड़े छात्र संगठन अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् के पूर्व नेताओ की अहम् भूमिका मंडल और जिला पदाधिकारियो में हो सकती है ।

*विजय गायकवाड़ ,गोवर्धन राणे का नाम सबसे आगे*

अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के पूर्व जिला संयोजक और भाजपा में विधि प्रकोष्ठ से प्रवेश कर नगर मंडल में भी अपनी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी का निर्वहन कर रहे विजय गायकवाड का नाम भी अब मंडल अध्यक्ष की दौड़ सबसे आगे देखा जा सकता है । अब पार्टी ऐसे अनुभवी और सक्रीय युवा नेताओ का मंडल में उपयोग करता है कि जिले के युवा मोर्चा में यह देखने वाला विषय होंगा। तो वहीं जिला सरकारी बैंक के पूर्व उपाध्यक्ष गोवर्धन राणे की पैठ जिले व् प्रदेश नेतृत्व में अच्छी मानी जाती है पूर्व में युवा मोर्चा के जिला महामंत्री और वर्तमान में युवा मोर्चा के प्रदेश कार्यकारणी सदस्य के रूप में पार्टी में काम कर अपनी सक्रियता को बनाये हुए है ऐसे में देखने वाली बात तो यह है कि इन दो युवा नेताओ में जिन्होंने जिले व् प्रदेश संग़ठन और पार्टी में अपनी पैठ बनाई है किस पर पार्टी ज्यादा विश्वास जताती है । *एक दर्जन से ज्यादा है दावेदार* यह तो मंडल अध्यक्ष की दावेदारी में नगर सहित आसपास के 48 बूथ के नेता अपनी दावेदारी पेश करने में नहीं चुप रहे हैं वरिष्ठ नेता गन जो मंडल अध्यक्ष बनने की पूरी दावेदारी प्रबल क्षमता भी रखते हैं लेकिन पार्टी की उम्र की सिमा ने उनकी दावेदारियों पर बेड़ीया बांध रखी है जिसमें राजेश अवस्थी देवेंद्र अमरुते, मंशु चौरे, आशाराम जितपुरे, जगदीश बसंतपुरे , तरुण साकरे राजेंद्र कालभोर के नाम शामिल है ।

*ये है युवा चेहरे*

पार्टी में युवा मोर्चा और प्रकोष्ठों के युवा नेता भी मंडल अध्यक्ष की दौड़ में अपनी किस्मत आजमाना च रहे है जिसमे दो बार पार्टी के युवा पार्षद रहे उमेश बारस्कर जो की वर्तमान नगर परिषद के निर्माण सभापति भी है उनकी दावेदारी भी प्रमुख मानी जा सकती है और वह अनुसूचित जाति से भी आते है तो दिनेश झपाटे भी मंडल और जिले में अपनी पकड़ रखते है वर्तमान में जिला कार्यकारणी सदस्य है और उसी क्रम में कुंबी समाज से बंटी वाग्द्रे भी मंडल अध्यक्ष के लिए अपनी इच्छा जता चुके है सूत्रों की माने तो इन दोनों नेता सहित कई दावेदार जिले के पदाधिकारियों से भी मिल चुके है साथ ही युवा नेता किसान मोर्चा के मदन आज़ाद, संदीप पडलक, भी दावेदार बताते है । *समाजिक समिकरो से ऊपर उठकर बनाना होगा मंडल अध्यक्ष* भारतीय जनता पार्टी जैसा कि संगठन को मजबूत करने के लिए युवाओं को मौका देना चाहती है तो वही या मंथन भी पार्टी में जरूरी है कि विधानसभा चुनाव में हुई हार को भी नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए पार्टी ने इस बार मंडल अध्यक्ष जातिगत समीकरणों को देखते हुए नहीं बनाना चाहिए नहीं तो सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार पार्टी को विधानसभा चुनाव के परिणाम जैसे परेशानी और आपसी कलर जूझना पड़ सकता है। कुछ पार्टी पदाधिकारियों का कहना है कि इस बार पार्टी का निर्णय अगर युवाओं को मौका देने का है तो निश्चित ही सामाजिक समीकरणों से ऊपर उठकर और योग्यता को आधार बनाकर ही मंडल अध्यक्ष का चुनाव किया जाना चाहिये जिससे पार्टी मजबूती से विपक्षी का सामना कर सके अपना सत्ता में लौट सकें।